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इंफोसिस पुरस्कार 2019 कुल छह विजेता जिनमें दो महिलाएं शामिल

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अभी हाल ही में 6 वैज्ञानिकों को इंफोसिस अवार्ड से सम्मानित किया गया है। इन 6 वैज्ञानिकों में 2 महीला वैज्ञानिक शामिल है। इंफोसिस प्राइस 2019 को इंजीनियरिंग, कंप्यूटर विज्ञान, मानविकी, जीव विज्ञान, गणित विज्ञान, भौतिक विज्ञान और समाज विज्ञान के क्षेत्र में दिया गया है। इस वर्ष प्रत्येक विजेता के लिए $100000 की विजेता राशि की घोषणा की गई है। साथ ही इन्हें गोल्ड मेडल भी दिया गया है।

इंफोसिस प्राइज से सम्मानित वैज्ञानिकः

 

1. सुनीता सारावगीः  इंजीनियरिंग और कंप्यूटर साइंस
2. डॉ मंजुला रेड्डीः जीव विज्ञान
3. मनु देवांगनः मानविकी
4. सिद्धार्थ मिश्राः गणित विज्ञान
5. गोविंदा स्वामी मुगेशः भौतिक विज्ञान
6. आनंद पंडियनः सामाजिक विज्ञान

 

Manjula Reddy

 

जीव विज्ञान के क्षेत्र में इंफोसिस प्राइस 2019 डॉ मंजुला रेड्डी को दिया गया है। यह सल्लूलर एंड मॉलिक्यूलर बायोलॉजी सेंटर हैदराबाद की चीफ साइंटिस्ट है। इन्होंने बैक्टीरिया की सेल वॉल के स्ट्रक्चर की खोज की। यह पता लगाया कि किस केमिकल रिएक्शन या एंजाइम के जरिए बैक्टीरियल वॉल विकास करता है। यह सारी जानकारी एंटीबायोटिक को समझने में अधिक मददगार साबित होगी।

सुनीता साराबागी जी को 2019 फोर्सेस पुरस्कार इंजीनियरिंग और कंप्यूटर साइंस के क्षेत्र में दिया गया है। यह मुंबई इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी में कंप्यूटर साइंस और इंजीनियरिंग  ग्रुप की चेयर प्रोफेसर है। इन्हे ये पुरस्कार कंप्यूटर साइंस और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में डाटा बेस, डाटा माइनिंग, मशीन लर्निंग, नेचुरल लैंग्वेज प्रोसेसिंग इत्यादि पर कार्य करने के लिए दिया गया है।

 

Sunita Sarawagi

मनु वी देवांगन जी को मानविकी 2019 का इंफोसिस पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। ये स्कूल ऑफ यूनिटी और सोशल साइंस, इंस्टिट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी मंडी में असिस्टेंट प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं। यह एक इतिहासकार है। इन्हें यह पुरस्कार इनकी किताब हिस्ट्री ऑफ हिंदुइज्म के लिए दिया गया है। इन्होंने इस किताब के जरिए भारतीय इतिहास और संस्कृति को नए तरीके से समझने में मदद की है। इतिहास के क्षेत्र में मनु वी देवांगन जी का काम बहुत सराहनीय है।

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आनंद पंडियन जी जॉन हॉफिनकंस यूनिवर्सिटी स्कूल ऑफ आर्ट एंड साइंस में एंथ्रोपोलॉजी डिपार्टमेंट के प्रोफेसर हैं। 2019 इंफोसिस पुरस्कार सामाजिक विज्ञान के क्षेत्र में कार्य करने के लिए दिया गया है। एंथ्रोपोलॉजी या मानव विज्ञान के क्षेत्र में कार्य करने के लिए, इनकी क्रिएटिव प्रोसेस, सेल्फहूड और इस पर किए गए कार्य के लिए इन्हें 2019 की इंफोसिस साइंस फाउंडेशन द्वारा इंफोसिस पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।

भौतिक विज्ञान के क्षेत्र में इंफोसिस पुरस्कार इस साल 2019 को गोविंदा स्वामी मुगेश जी को दिया गया है। यह इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ साइंस, बेंगलुरु में इन ऑर्गेनिक और फिजिकल, केमिस्ट्री डिपार्टमेंट के प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं। मानव शरीर में मेटाबॉलिज्म, थायराइड हार्मोन एक्टिवेशन, के क्षेत्र में केमिकल सिंथेसिस और उनके महत्व को समझाने के लिए बायो मेडिकल और भौतिकी के क्षेत्र में कार्य करने के लिए, गोविंदास्वामी मुगेश जी को 2019 इंफोसिस साइंस फाउंडेशन इंफोसिस प्राइस से सम्मानित किया है।

वही सिद्धार्थ मिश्रा जी को गणित विज्ञान के क्षेत्र में 2019 इंफोसिस पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। ये ETH Zurich में मैथमेटिक्स डिपार्टमेंट में प्रोफेसर के पद पर कार्यरत हैं।

इंफोसिस पुरस्कार विज्ञान के क्षेत्र में बेहतरीन काम करने वाले वैज्ञानिकों को दिया जाता है। यह पुरस्कार भारतीय वैज्ञानिक या भारतीय मूल के वैज्ञानिकों को दिया जाता है। इस पुरस्कार में अभी तक $100000 का इनाम साथी ही गोल्ड मेडल दिया जाता है।

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